Hindi Mode BhagwanApp

Shani Dev ji ki Aarti and Mantra

Shani Dev Aarti Aarti
  • 1267 View
  • 1 year ago
  • Mamta Sharma
  • 04 Jan 2025

मंत्र

||ॐ शन्नोदेवीरभिष्टय आपो भवन्तु पीतये शन्योरभिस्त्रवन्तु न:||

Releated Stories

Hanuman Ji Ki Aarti lyrics
आरती कीजै हनुमान लला की

आरती कीजै हनुमान लला की। दुष्ट दलन रघुनाथ कला की।। जाके बल से गिरिवर कांपे। रोग दोष जाके निकट न झांके।। अंजनि पुत्र महाबलदायी। संतन के प्रभु सदा सहाई। दे बीरा रघुनाथ पठाए। लंका जारी सिया सुध लाए। लंका जारी असुर संहारे। सियारामजी के काज संवारे।

Shani Dev Katha
शनि देव की कथा

शनि की साढ़ेसाती और ढैय्या के दौरान शनिवार को व्रत रखने के साथ-साथ शनिवार व्रत कथा का पढ़ना और सुनना विशेष रूप से लाभदायक होता है।