गणेश जी के विषय में कहा जाता है कि वे रिद्धि एवं सिध्दियां प्रदान करने वाले हैं। गजानन की दो पत्नियां हैं- रिद्धि और सिद्धि। गणेश जी को रिद्धि से क्षेम और सिद्धि से लाभ नाम के दो पुत्र हैं। जब कार्तिकेय दक्षिण में असुरों से संग्राम के लिए गए थे और उन्होंने युद्ध में असुरों को पराजित कर दिया था, तब भगवान शिव ने गणेश जी के पुत्र का नाम क्षेम रखा। आठ प्रकार की रिद्धि-सिध्दयां वे आठ शक्तियां है जो योगाभ्यास से प्राप्त होती हैं।
ये है-
नौ निधियों के नाम इस प्रकार है-
भारत में होली हर राज्य में अपने अलग रंग और परंपराओं के लिए जानी जाती है, लेकिन महाराष्ट्र की होली का उत्साह, लोककला और सांस्कृतिक विविधता इसे सबसे खास बनाती है। यहां होली सिर्फ रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि समाज, परंपरा और आनंद का अनोखा संगम है। महाराष्ट्र में पारंपरिक <strong>रंग पंचमी</strong>, फिशरमेन कम्युनिटी का उत्सव, पूरनपोली का प्रसाद, और लोकनृत्यों की रौनक इस पर्व को एक नया अर्थ देती है। इस ब्लॉग में हम जानेंगे कि महाराष्ट्र में होली क्यों अलग तरीके से मनाई जाती है, इसके पीछे की परंपराएं, कहानियां और पूरे प्रदेश में फैली सांस्कृतिक विविधता।