॥ वन्दे नवघनश्यामं पीतकौशेयवाससम् । सानन्दं सुन्दरं शुद्धं श्रीकृष्णं प्रकृतेः परम्॥
ॐ जय लक्ष्मी माता, मैया जय लक्ष्मी माता। तुमको निशदिन सेवत, हरि विष्णु विधाता॥ उमा, रमा, ब्रह्माणी, तुम ही जग-माता। सूर्य-चन्द्रमा ध्यावत, नारद ऋषि गाता॥...
रामायण कलियुग में पापो से मुक्ति पाने का एक सरल उपाय है, इस युग में जो भी रामायण जी की आरती करता है उसे श्री राम के साथ माता सीता और हनुमान जी की असीम कृपा प्राप्त होती है, और दुःख से मुक्ति मिलती है।